पवन नगर (अल्दीन) में विराट हिंदू सम्मेलन, आस्था–एकता और राष्ट्रभाव का भव्य संगम

बालाजी मंदिर परिसर में गूंजे जय श्रीराम के जयकारे, सैकड़ों राम भक्त व मातृशक्ति रही उपस्थित।

खाजूवाला (दलीप नोखवाल)। पवन नगर (अल्दीन) में गुरुवार को आयोजित विराट हिंदू सम्मेलन में आस्था, एकता और राष्ट्रभाव का विराट स्वरूप देखने को मिला। बालाजी मंदिर परिसर में आयोजित इस सम्मेलन में सैकड़ों राम भक्तों एवं मातृशक्ति की सहभागिता रही। जय श्रीराम और भारत माता की जय के गगनभेदी जयकारों से पूरा पंडाल भक्तिमय वातावरण में गूंज उठा।

इस सम्मेलन में पवन नगर मंडल की 6 ग्राम पंचायतों 31 केवाईडी, 34 केवाईडी, 40 केवाईडी, 1 एएलएम, गुल्लूवाली तथा 28 केजेडी के सकल हिंदू समाज के श्रद्धालुओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। श्रद्धा, अनुशासन और सांस्कृतिक चेतना के साथ आयोजित इस कार्यक्रम ने समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार किया।

कार्यक्रम की मुख्य अतिथि संत मातृशक्ति पुष्पा बाई सा (पूगल) ने कहा कि हमारी संस्कृति, सभ्यता और परंपराओं को सहेजने के लिए शिक्षा पद्धति में सुधार अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने संस्कारयुक्त शिक्षा पर बल देते हुए युवाओं को धर्म और राष्ट्र से जोड़ने का आह्वान किया।

विराट हिंदू सम्मेलन के मुख्य वक्ता विजय पाल राजपुरोहित ने कहा कि सत्संग और आध्यात्मिक विचारों को अपने जीवन में आत्मसात कर उनके अनुरूप आचरण करने से ही समाज को सही दिशा दी जा सकती है। उन्होंने सकल हिंदू समाज को संगठित होकर गौसेवा, सामाजिक समरसता, पर्यावरण संरक्षण एवं राष्ट्रहित में निरंतर कार्य करने का संकल्प दिलाया।

इस अवसर पर संत रामचरण दास महाराज (मध्य प्रदेश), साध्वी इंदु दीदी (उज्जैन) तथा जिला प्रचारक रावल सिंह जी ने भी अपने विचार रखे। वक्ताओं ने स्वदेशी अपनाने पर जोर देते हुए शुद्ध स्वदेशी भोजन, भारतीय वेशभूषा एवं मातृभाषा के अधिकाधिक उपयोग का आह्वान किया।

सम्मेलन की अध्यक्षता बालाजी मंदिर के पुजारी लालचंद नाथ ने की, जबकि कार्यक्रम का सफल संचालन राजेंद्र आचार्य द्वारा किया गया। आयोजन में उपस्थित श्रद्धालुओं ने आस्था और राष्ट्रभक्ति के साथ सामाजिक एकता का संदेश दिया।